Lord Ganesh Pendants with Chain


भक्त उत्साह और जोश से गणपति बप्पा मोरया के नाम से जयकारे लगा रहे हैं। आप भी जब गणेशजी की पूजा करते होंगे तो यह जयकारे लगाते होंगे लेकिन क्या आपको पता है कि गणपति गणेश को बप्पा मोरया क्यों कहते हैं। दरअसल इसके पीछे कई रोचक कहानियां हैं जिनसे गणेशजी की भक्ति जुड़ी हुई है।






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:Sukkhi Ravishing Gold Plated Lord Ganesha Pendants With Chains

Description: It has 1 Piece of Pendant With 1 Chain
Material: Alloy
Size: 12"
Work: Stones, Gold & Rhodium Plated

Designs: 8
Dispatch: 2-3 days
Delivery: Within 7 days


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दरअसल गणेश उत्सव की शुरुआत महाराष्ट्र से हुई है जिसे आरंभ करने वाले लोकमान्य तिलक हैं। महाराष्ट्र से यह धीरे-धीरे पूरे देश का उत्सव बन गया। महाराष्ट्र में पिता को बप्पा कहते हैं। गणपति को भक्तों ने धरती वासियों के पिता के रूप में माना और बप्पा कहना शुरू कर दिया इस तरह गणपति बप्पा कहलाने लगे। लेकिन इनके मोरया कहलाने की कहानी बेहद दिलचस्प है।

महाराष्ट्र के मयूरेश्वर मंदिर से है संबंध 
गणेश पुराण में गणेशजी की सवारी मोर बताया गया है। मोर पर सवार होने के कारण इन्हें मयूरेश्वर भी कहते हैं। मयूर इनकी सवारी होने के कारण इन्हें मोरया कहा जाता है। लेकिन मयूरेश्वर और मोरया के साथ एक और रोचक कथा जुड़ी हुई है जिसका संबंध महाराष्ट्र के मयूरेश्वर मंदिर और मोरया गोसावी नामक एक गणेश भक्त से है।


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